सिंगरौली। जिले के शासकीय कन्या महाविद्यालय में सोमवार को छात्राओं का आक्रोश फूट पड़ा। ABVP के बैनर तले बड़ी संख्या में छात्राओं ने कॉलेज परिसर के मुख्य द्वार पर जोरदार प्रदर्शन किया। छात्राओं ने कॉलेज प्रशासन पर अनदेखी का आरोप लगाते हुए छह सूत्रीय मांगों का ज्ञापन सौंपा और चेतावनी दी कि यदि उनकी समस्याएं जल्द हल नहीं हुईं, तो आंदोलन और भी उग्र होगा।
2 घंटे तक कॉलेज गेट पर चला प्रदर्शन
सोमवार को कॉलेज की करीब 50 से अधिक छात्राओं ने अपनी मांगों को लेकर कॉलेज गेट के बाहर मोर्चा संभाला। लगभग दो घंटे तक चली इस नारेबाजी और प्रदर्शन के कारण कॉलेज की शैक्षणिक गतिविधियां भी प्रभावित हुईं।
छात्राओं की 6 प्रमुख मांगें:
सुरक्षा के कड़े इंतजाम
छात्राओं ने बताया कि कॉलेज गेट पर चौकीदार न होने से बाहरी असामाजिक तत्व बेरोकटोक अंदर आते हैं।
सभागार (Auditorium) का निर्माण
सांस्कृतिक और शैक्षणिक कार्यक्रमों के लिए लंबे समय से एक बड़े हॉल की मांग की जा रही है।
लाइब्रेरी की व्यवस्था
किताबों की कमी और बैठने की उचित व्यवस्था न होने से पढ़ाई का नुकसान हो रहा है।
परिवहन सुविधा
ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाली छात्राओं के लिए बस सुविधा न होने से वे नियमित कॉलेज नहीं आ पा रही हैं।
स्वच्छ पेयजल और शौचालय
परिसर में बुनियादी स्वच्छता और पीने के साफ पानी की मांग भी उठाई गई।
नियमित खेल गतिविधियां
छात्राओं के शारीरिक विकास के लिए खेल सामग्री और कोच की मांग।
“छात्राओं की सुरक्षा दांव पर”— गुंजन भारती
छात्र संघ अध्यक्ष गुंजन भारती ने कॉलेज प्रबंधन पर सीधा हमला करते हुए कहा, “कॉलेज गेट पर कोई सुरक्षा गार्ड नहीं है। बाहरी व्यक्ति आसानी से कैंपस में घूमते रहते हैं, जो हमारी सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा है। हम लंबे समय से सभागार और बस सुविधा की मांग कर रहे हैं, लेकिन प्रशासन केवल आश्वासन दे रहा है।”
प्राचार्य का पक्ष: 13 लाख के बजट का इंतजार
कॉलेज के प्राचार्य एमयू सिद्दीकी ने छात्राओं की मांगों को जायज ठहराया और कहा कि कॉलेज प्रबंधन इन व्यवस्थाओं को सुधारने के लिए लगातार प्रयासरत है। उन्होंने बताया कि कॉलेज के विकास के लिए सरकार से 13 लाख 36 हजार रुपए का बजट मांगा गया है। साथ ही, सभागार निर्माण के लिए पीआईयू को पत्र लिखकर रोडमैप तैयार करने का अनुरोध किया गया है ताकि डीएफ मद से इसका निर्माण कराया जा सके। चौकीदार और अन्य सुविधाओं के लिए वरिष्ठ कार्यालयों को अवगत कराया जा चुका है।
सिंगरौली कन्या महाविद्यालय की छात्राओं ने स्पष्ट कर दिया है कि वे अपनी बुनियादी जरूरतों के साथ कोई समझौता नहीं करेंगी। प्राचार्य के आश्वासन के बाद छात्राओं ने फिलहाल प्रदर्शन खत्म कर दिया है, लेकिन सुरक्षा और संसाधनों की कमी कॉलेज प्रशासन के लिए एक बड़ी चुनौती बनी हुई है।








